संवाददाता सूरज सागर
बरेली में ठेकेदार पर लापरवाही का केस दर्ज ,एडीजी जोन और एस एस पी के आदेश पर 2 महीने बाद हुई कार्यवाही बरेली के आंवला थाना क्षेत्र में एक ठेकेदार के खिलाफ लापरवाही से निर्माण कार्य करने का मुकदमा दर्ज किया गया है।
यह कार्रवाई एडीजी जोन और बरेली के कप्तान के आदेश पर दो महीने की देरी के बाद की गई है। ठेकेदार पर आरोप है कि उसके द्वारा बनाए गए मकान की सीढ़ियां गिरने से मकान मालिक की पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गई थीं।
शिकायतकर्ता प्रदीप कुमार, जो आंवला के बिहट गांव के निवासी हैं, ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2025 में अपने मकान का नया निर्माण कार्य राजमिस्त्री जावेद सैफी से कराया था।
जावेद सैफी आंवला के मनोना गांव का निवासी है। प्रदीप कुमार का आरोप है कि ठेकेदार ने निर्माण कार्य में घोर लापरवाही बरती, जिसके कारण उनके मकान का लेंटर बारिश में टपकता है।
प्रदीप कुमार ने कई बार राजमिस्त्री जावेद सैफी से इस संबंध में शिकायत की, लेकिन उनकी बात पर कोई ध्यान नहीं दिया गया।
प्रदीप कुमार ने ठेकेदार को निर्माण कार्य की पूरी मजदूरी का भुगतान कर दिया था।घटना 7 फरवरी 2026 को सुबह करीब 7 बजे हुई। प्रदीप कुमार की पत्नी रामस्नेही घर में बनी नई सीढ़ियों के नीचे चाय बना रही थीं, तभी अचानक सीढ़ियां उनके ऊपर गिर गईं।
इसमें रामस्नेही मलबे में दब गईं। मोहल्ले के लोगों ने भागकर मलबा हटाया और बड़ी मुश्किल से रामस्नेही को बाहर निकाला। उस समय उनकी हालत मरणासन्न थी।प्रदीप कुमार ने अपनी पत्नी को बरेली के श्री सिद्धि विनायक अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उनके एक पैर का ऑपरेशन हुआ।
उनकी हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है। प्रदीप कुमार ने लापरवाही बरतने वाले राजमिस्त्री के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए थाने में प्रार्थना पत्र 10/02/2026 को दिया था।
जिसपर आंवला पुलिस ने कोई कार्यवाही नहीं की , पीड़ित ने 40 दिन थाने के चक्कर काटे लेकिन पुलिस ने उल्टे पीड़ित को ही धमका दिया , जिसपर पीड़ित ने उच्चाधिकारियों के कार्यालय में फरियाद की , और आंवला पुलिस की शिकायत की जिसपर उच्चाधिकारियों ने तुरंत संज्ञान लेते हुए मुकद्दमा पंजीकृत करने का आंवला पुलिस को निर्देश दिया , जिसपर आंवला पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत कर आगे की कार्यवाही शुरू कर दी गई है ।
आंवला थाना प्रभारी कुंवर बहादुर सिंह ने बताया तहरीर के आधार पर मुक़दमा पंजीकृत कर लिया है , आगे की कार्यवाही अमल में लाई जा रही है ।
